उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पुलिस व अन्य विभागों समेत सभी अधिकारियों को किसी भी कीमत पर सुबह नौ बजे तक कार्यालय पहुंचने का निर्देश दिया है। उन्होंने सख्त निर्देश देते हुए कहा है कि सभी अफसर तत्काल प्रभाव से इसका पालन करें। ऐसा नहीं होने पर उनके खिलाफ सख्त कार्रावाई की जाएगी। उनका वेतन भी काटा जा सकता है। मुख्यमंत्री के इन निर्देशों की जानकारी मुख्यमंत्री कार्यालय के अधिकृत टि्वटर एकाउंट पर ट्वीट करके दी गई है।
उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने रविवार को यहां दावा किया कि आने वाले लगभग 50 वर्ष तक उत्तर प्रदेश में समाजवादी पार्टी (सपा), बहुजन समाज पार्टी (बसपा) और कांग्रेस का कोई भविष्य नहीं है. प्रसाद रविवार को भारतीय जनता पार्टी पिछड़ा वर्ग द्वारा अयोजित समारोह में बोल रहे थे. उन्होंने कहा, 'मैं पूरे विश्वास के साथ कह सकता हूं कि अब आने वाले लगभग 50 सालों तक उत्तर प्रदेश और देश में समाजवादी पार्टी (एसपी), बहुजन समाज पार्टी (बीएसपी) और कांग्रेस का भविष्य नहीं दिखाई देता.'
दक्षिणी बेंगलुरु लोकसभा सीट से कांग्रेस के दिग्गज नेता बीके हरिप्रसाद को हराकर संसद पहुंचने वाले तेजस्वी सूर्या (Tejasvi Surya) मूल रूप से कर्नाटक के चिकमंगलूर जिले के रहने वाले हैं। वह बासवांगुडी विधानसभा से विधायक एल.ए. रविसुब्रमण्यन के भतीजे हैं। सूर्या बीजेपी के साथ ही आरएसएस से भी जुड़े हुए हैं। वह पेशे से वकील हैं और उन्होंने बेंगलुरु के इंस्टिट्यूट ऑफ लीगल स्टडीज से पढ़ाई की है। वह कर्नाटक हाईकोर्ट में प्रैक्टिस करते हैं। सूर्या बीजेपी युवा मोर्चा कर्नाटक के प्रदेश महासचिव हैं। वह अखिल भारतीय विद्यार्धी परिषद के सचिव भी रह चुके हैं। सूर्या ने 2008 में एक एनजीओ भी खोला था जिसका नाम “Arise India” है। वह कई वेबसाइट्स के लिए लिखते भी हैं।
लोकसभा चुनाव 2019 (Lok Sabha Elections 2019) के रण में बीजेपी सभी विपक्षी पार्टियों को पस्त कर दिया है. पीएम मोदी के नेतृत्व में बीजेपी ने लोकसभा चुनाव में 303 सीटों पर जीत दर्ज की है और एनडीए को चुनाव में 350 सीटें हासिल हुई है. उत्तराखंड की 5 लोकसभा सीट पर एक बार फिर कमल खिला है. कांग्रेस 2014 की तरह यहां एक बार फिर जीत दर्ज कराने में विफल रही. आलम ये है कि चुनाव में खड़े हुए कांग्रेस के दिग्गज भी चुनावी मैदान में पस्त हो गए. कांग्रेस के दिग्गज नेताओं में से एक हरीश रावत और प्रीतम सिंह भी अपनी जीत दर्ज कराने में सफल नहीं हो सके.
ऑल इंडिया मजलिस-ए इत्तेहादुल मुसलिमीन (AIMIM) के अध्यक्ष व लोकसभा सांसद असदुद्दीन ओवैसी ने भारतीय जनता पार्टी की प्रचंड जीत पर कहा कि बीजेपी हिंदुत्व कार्ड खेलने में कामयाब रही है. ओवैसी ने दावा किया कि बीजेपी ने हिंदू और राष्ट्रवाद के मुद्दे को चुनाव में भुनाया है और असल मुद्दे गायब हो गए.
निर्वाचन आयोग द्वारा जारी रुझानों के मुताबिक लोकसभा चुनाव लड़ रहे पूर्ववर्ती शाही परिवारों के नौ उम्मीदवारों में से बीजेपी की तरफ से लड़ रहे तीन उम्मीदवार ही अपने निकटतम उम्मीदवारों से बढ़त लिये हुए हैं जबकि शेष पीछे चल रहे हैं. राजस्थान में पूर्ववर्ती शाही परिवारों के तीन उम्मीदवार मैदान में हैं. इनमें बीजेपी की तरफ से खड़ी हुईं जयपुर के पूर्ववर्ती राजघराने की दिया कुमारी राजसमंद में कांग्रेस के देवकीनंदन से 2.7 लाख वोटों से आगे चल रही हैं.
लोकसभा चुनाव 2019 (Lok Sabha Elections 2019) का सियासी रण अपने अंतिम दौर में पहुंच चुका है. 19 मई को सातवें चरण में 8 राज्यों की 59 सीटों पर मतदान होना है. इन सबके बीच उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार को न्यूज एजेंसी पीटीआई को दिए एक इंटरव्यू में कहा कि भारत में समाजवाद के प्रणेता रहे राम मनोहर लोहिया ने बहुत पहले सुझाव दिया था कि देश में वहीं शासन कर पाएगा, जो गरीबों के लिए काम करेगा.
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ अपनी कर्मभूमि गोरखपुर के संसदीय महासंग्राम में अपराजेय योद्धा माने जाते हैं लेकिन, पांच बार से लगातार उनके प्रतिनिधित्व वाली यह सीट उनके मुख्यमंत्री बनने के बाद हुए उपचुनाव में भाजपा के हाथ से फिसल गई तो यह चुभने वाली हार भी उनके ही खाते में दर्ज हो गई। सीएम योगी आदित्यनाथ को इसकी कसक है।
बंगाल में लोकसभा चुनाव अपने अंतिम पड़ाव में पहुंच चुका है। राज्य में भाजपा ने सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस को दक्षिण बंगाल के कोलकाता और उसके उपनगरीय इलाकों में मात देने के लिए अपनी पूरी ताकत लगा दी है। भगवा पार्टी के लिए यह बेहद कठिन चुनौती है, क्योंकि यह इलाका तृणमूल की जन्मभूमि है। इसी इलाके से ममता बनर्जी की पार्टी ने अपनी शुरुआत की और बाद में अर्द्धशहरी तथा ग्रामीण बंगाल में अपना कब्जा जमाया था। इसीलिए पार्टी जन्मभूमि में ही ममता की प्रतिष्ठा दांव पर है।
लोकसभा चुनाव 2019 के छठे चरण के चुनाव से पहले दिल्ली में सियासी सरगर्मी अपने चरम पर है. आप और भाजपा के बीच जुबानी जंग छिड़ी हुई है. इन सबके बीच दिल्ली में मतदान से पूर्व सीएम अरविंद केजरीवाल ने कांग्रेस अध्यक्ष पर करारा हमला किया है.उन्होंने कहा है कि अगर नरेंद्र मोदी सत्ता में लौटे तो इसके जिम्मेदार राहुल गांधी होंगे.